
सीएम मोहन यादव सागर जिले के गढ़ाकोटा में आयोजित होने वाले ‘रहस मेला’ में शामिल होंगे. यह आयोजन 220 साल पुराना है, कभी पशु बाजार के रूप में शुरू हुआ यह मेला आज एक बड़ा नाम बन चुका है. इस मेले का आयोजन मध्य प्रदेश के सबसे सीनियर विधायक और पूर्व मंत्री गोपाल भार्गव करवाते हैं, जिसमें सीएम मोहन यादव भी शामिल होंगे. इस मेले का इतिहास 1809 से जुड़ा है, जिसमें अब कई तरह के आयोजन होते हैं. वहीं राजनीतिक दृष्टिकोण से भी सीएम मोहन यादव का सागर दौरा अहम माना जा रहा है, मेले के अलावा आज वह संत रविदास मंदिर के निर्माण का भी जायजा लेंगे
गढ़ाकोटा में आयोजित होता है रहस मेला
दरअसल, सागर जिले के गढ़ाकोटा में आयोजित होने वाले रहस मेला चर्चा में रहता है, क्योंकि इसमें कई तरह के आयोजन होंते हैं. महान राजा मर्दन सिंह जू देव की नगरी गढ़ाकोटा का ये रहस मेला देश के दूसरे मेलो से अलग हुआ करता है और इस मेले में बड़ा पशु बाजार भी लगता है, जिसमें देश भर के लोग पशुओं की खरीदी करने यहां आते हैं, बीते कुछ दशकों में मेले का स्वरूप बड़ा हुआ है जिसमे बुंदेली संस्कृति की छटा देखने को मिलती है. केंद्रीय मंत्री वीरेंद्र खटीक ने इस मेले का शुभारंभ किया
बताया जाता है कि 1809 में इस मेले की शुरुआत स्थानीय राजा वीर बुंदेला महाराज के पौत्र राजा मर्दन सिंह जूदेव ने की थी, जिनके नाम से ही गढ़ाकोटा जाना जाता है, क्योंकि उस समय यह शहर एक गढ़ हुआ करता था, इस मेले का आयोजन बुंदेलखंड के लिहाज से अहम माना जाता है
सीएम मोहन होंगे शामिल
सीएम मोहन यादव लंबे समय बाद सागर जिले में आ रहे हैं. इससे पहले वह जिस कार्यक्रम में शामिल हुए थे, उसमें काफी सियासी हलचल देखने को मिली थी. ऐसे में उनका यह दौरा अहम माना जा रहा है, क्योंकि रहस मेले के बाद वह सागर में बन रहे संत रविदास मंदिर का भी दौरा करेंगे. क्योंकि इस अंचल से बीजेपी के कई छत्रप आते हैं, फिलहाल सीएम के दौरे को लेकर सागर जिला प्रशासन की तरफ से सभी तरह की तैयारियां कर ली गई हैं